ENT 311 Lecture 29: भंडारित अनाज के प्रमुख नाशीकीट: पहचान, जीवविज्ञान एवं क्षति की प्रकृति

ENT 311 · Pest Management in Crops and Stored Grains — Final Notes
विषय सूची · Quick Navigation
02 अध्ययन उद्देश्य (Learning Objectives)03 प्रस्तावना एवं विषय प्रवेश (Introduction)04 प्रमुख वैज्ञानिक परिभाषाएँ (Important Definitions)05 विस्तृत विषय व्याख्या (Detailed Topic Explanation)06 प्रकार एवं वैज्ञानिक वर्गीकरण (Types and Classification)07 महत्वपूर्ण सिद्धांत एवं अवधारणाएँ (Important Principles & Concepts)08 वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक उदाहरण व केस स्टडी (Scientific & Practical Examples)09 तुलनात्मक सारणियाँ (Comparative Tables)10 महत्वपूर्ण सूत्र एवं गणितीय गणनाएँ (Formulas and Calculations)11 लेक्चर माइंड मैप (Lecture-Specific Mind Map)12 प्रक्रिया प्रवाह चित्र एवं आरेख (Flowcharts and Diagrams)13 परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य एवं टिप्स (Important Facts & Exam Tips)14 त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary)15 बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तरी — 10 MCQs (With Answers & Explanations)16 संपूर्ण परीक्षा प्रश्न बैंक (One-Liners, VSA, SA & Long Answer Questions)Lecture 29: भंडारित अनाज के प्रमुख नाशीकीट: पहचान, जीवविज्ञान एवं क्षति की प्रकृति
चित्रमय कीट पहचान प्लेट (Visual Identification Plate — Lecture 29)
भंडारित अनाज के 6 प्रमुख नाशीकीट: चावल का सूँड घुन (Sitophilus), खपड़ा भृंग (Trogoderma), छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha), धोरा (Callosobruchus), लाल आटा भृंग एवं शलभ
02 अध्ययन उद्देश्य (Learning Objectives)
इस व्याख्यान के अध्ययन के पश्चात विद्यार्थी सक्षम होंगे:
- भंडारित अनाज के नाशीकीटों के दो मूलभूत पारिस्थितिक वर्गीकरणों—(1) प्राथमिक बनाम द्वितीयक भंडारण कीट (Primary vs Secondary Storage Pests) और (2) आंतरिक बनाम बाह्य भक्षक (Internal vs External Feeders)—के बीच वैज्ञानिक अंतर स्पष्ट करना।
- भृंग गण (Coleoptera) के 5 सबसे विनाशकारी भंडारण कीटों—चावल का सूँड घुन (Sitophilus oryzae), खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium), छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha dominica), दालों का भृंग/धोरा (Callosobruchus chinensis एवं C. maculatus) और आटे का लाल भृंग (Tribolium castaneum)—की पहचान, जीवविज्ञान और विशिष्ट क्षति लक्षणों का अध्ययन करना।
- शलभ गण (Lepidoptera) के 3 प्रमुख भंडारण कीटों—अंगोमोइस अनाज शलभ (Sitotroga cerealella), चावल का शलभ (Corcyra cephalonica) और आलू का कंद शलभ (Phthorimaea operculella)—तथा मूँगफली के ब्रूकिड (Caryedon serratus) की पहचान और जीवन चक्र को समझना।
- किसानों और भंडारगृह प्रबंधकों के लिए यह जानना कि कौन-सा कीट केवल लार्वा अवस्था में अनाज खाता है (जैसे Trogoderma, Callosobruchus, Corcyra, Sitotroga) और कौन-सा कीट लार्वा व वयस्क दोनों अवस्थाओं में अनाज खाता है (जैसे Sitophilus, Rhyzopertha, Tribolium)।
03 प्रस्तावना एवं विषय प्रवेश (Introduction)
मूल सामग्री (Core Course Content): भारत में हर वर्ष कटाई के बाद भंडारण के दौरान कुल खाद्यान्न उत्पादन का लगभग 8 से 10% (लगभग 14–16 मिलियन टन अनाज) गोदामों और किसानों के घरों में नाशीकीटों, चूहों और नमी के कारण नष्ट हो जाता है, जिसमें अकेले भंडारण कीटों का योगदान 2.5 से 4.5% है।
भंडारित अनाज के कीट मुख्य रूप से दो ही कीट गणों से संबंधित हैं: (1) गण कोलियोप्टेरा (Coleoptera — भृंग एवं घुन / Beetles & Weevils) और (2) गण लेपिडोप्टेरा (Lepidoptera — अनाज एवं आटे के शलभ / Grain & Flour Moths)। इनका प्रकोप केवल वजन में कमी (Weight loss) ही नहीं करता, बल्कि अनाज के भ्रूण (Embryo) को खाकर उसकी अंकुरण क्षमता (Seed viability) समाप्त कर देता है, दाने में यूरिक अम्ल (Uric acid), निर्मोक त्वचा और मृत कीट शरीर मिलाकर उसे दुर्गंधयुक्त व मानव उपभोग के अयोग्य बना देता है तथा श्वसन से नमी व ताप बढ़ाकर ‘हॉट-स्पॉट’ (Hot-spots) और अफलाटॉक्सिन फफूंद पैदा करता है।
04 प्रमुख वैज्ञानिक परिभाषाएँ (Important Definitions)
05 विस्तृत विषय व्याख्या (Detailed Topic Explanation)
1. प्रमुख भंडारित अनाज नाशीकीटों की पहचान, जीवविज्ञान एवं क्षति की प्रकृति (Major Stored-Grain Insect Pests)
(1) चावल का सूँड घुन / सुंडिया (Rice Weevil — Sitophilus oryzae)
- कुल एवं गण: Curculionidae : Coleoptera | श्रेणी: प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक (Primary & Internal feeder)।
- परपोषी अनाज: चावल, गेहूँ, मक्का, ज्वार और जौ। (ठंडे क्षेत्रों में इसकी संबंधित प्रजाति Sitophilus granarius एवं मक्का में Sitophilus zeamais पाई जाती है)।
- पहचान एवं जीवविज्ञान (Identification & Biology):
- वयस्क लाल-भूरे से गहरे भूरे रंग का 3 mm लंबा छोटा भृंग होता है जिसके सिर के आगे एक लंबी मुड़ी हुई सूँड या थूथन (Rostrum / Snout) निकली होती है जिस पर कोहनीदार श्रृंगिकाएँ (Geniculate antennae) लगी होती हैं। इसके अग्रपंखों (Elytra) पर 4 हल्के लाल-पीले धब्बे होते हैं।
- मादा घुन अपनी सूँड से दाने में एक सूक्ष्म गड्ढा खोदकर उसमें 1 अंडा देती है और ऊपर से जिलेटिनस प्लग (Gelatinous plug) से बंद कर देती है (एक मादा 300–400 अंडे देती है)।
- अंडे से निकला सफेद, मांसल, टाँग-विहीन ग्रब (Apodous/Legless grub) दाने के अंदर ही रहकर भ्रूणपोष खाता है और दाने के अंदर ही प्यूपा बनाकर वयस्क के रूप में गोल छेद करके बाहर निकलता है। जीवन चक्र 26–32 दिन में पूरा होता है।
- क्षति की प्रकृति: ग्रब और वयस्क दोनों अनाज को खाते हैं। ग्रब दाने को अंदर से खोखला कर केवल छिलका छोड़ देता है जिससे दाने पानी में तैरने लगते हैं और अनाज में गर्मी व नमी पैदा होती है।
(2) खपड़ा भृंग (Khapra Beetle — Trogoderma granarium)
- कुल एवं गण: Dermestidae : Coleoptera | श्रेणी: प्राथमिक एवं बाह्य भक्षक (Primary & External feeder) तथा अंतरराष्ट्रीय संगरोध कीट (A1 Quarantine Pest)।
- परपोषी अनाज: गेहूँ (सबसे पसंदीदा), जौ, मक्का, ज्वार व दालें—विशेषकर राजस्थान, पंजाब, हरियाणा व उत्तर भारत के गर्म और अत्यंत शुष्क गोदामों (कम नमी और उच्च तापमान ) में।
- पहचान एवं जीवविज्ञान:
- वयस्क छोटा (2–3 mm), अंडाकार, लाल-भूरा भृंग होता है जिसके सिर के मध्य में एक सरल नेत्र (Median ocellus) होता है।
- सबसे महत्वपूर्ण तथ्य: खपड़ा भृंग का वयस्क (Adult) बिल्कुल भोजन नहीं करता (Non-feeding stage) और मात्र 10–15 दिन जीवित रहकर 100–125 अंडे देता है; संपूर्ण क्षति केवल इसके पीले-भूरे रोएँदार लार्वा (Grub) द्वारा की जाती है!
- इसके ग्रब के शरीर पर लंबे भूरे-सुनहरे बाल (Eruciform hairy larva) और पीछे पूँछ की तरह बालों का गुच्छा होता है। प्रतिकूल परिस्थितियों या भोजन न मिलने पर इसका ग्रब गोदाम की दीवारों की दरारों में घुसकर बिना खाए 3 से 5 वर्षों तक प्रसुप्ति (Facultative Diapause / Starvation tolerance) में जीवित रह सकता है!
- क्षति की प्रकृति: ग्रब हमेशा दाने के सबसे कोमल भाग भ्रूण बिंदु (Embryo / Germ point) से खाना शुरू करता है और साबुत दाने को चबाकर पाउडर/भूसी में बदल देता है। भारी प्रकोप में बोरियों की बाहरी सतह और अनाज के ढेर के ऊपरी 15–30 cm हिस्से में लाखों लार्वा की त्यागी हुई केंचुलियों (Cast larval skins / Exuviae) की मोटी परत जम जाती है जो मानव स्वास्थ्य (त्वचा व आंतों में एलर्जी) के लिए अत्यंत हानिकारक है।
(3) छोटा अनाज छेदक / सुंडी (Lesser Grain Borer — Rhyzopertha dominica)
- कुल एवं गण: Bostrichidae : Coleoptera | श्रेणी: प्राथमिक एवं आंतरिक/बाह्य भक्षक।
- पहचान एवं जीवविज्ञान: वयस्क गहरा भूरा या काला, बेलनाकार (3 mm) भृंग होता है जिसका सिर नीचे की ओर मुड़ा हुआ (Deflexed head) होता है और वक्ष के अग्रभाग (Pronotum) की टोपी के नीचे छिपा रहता है (ऊपर से देखने पर सिर दिखाई नहीं देता — Hood-shaped pronotum)। श्रृंगिका के अंतिम 3 खंड मिलकर आरी जैसा क्लब (3-segmented serrated club) बनाते हैं। मादा दाने के बाहर या दरारों में 300–500 अंडे देती है; अंडे से निकला सक्रिय टाँगों वाला ग्रब दाने के अंदर घुस जाता है।
- क्षति की प्रकृति: इसके ग्रब और वयस्क दोनों ही अत्यंत पेटू भक्षक (Voracious feeders) होते हैं। वे गेहूँ, चावल और मक्का के दानों में अनियमित बड़े छेद कर अंदर का सारा स्टार्च खा जाते हैं और दाने से भी अधिक मात्रा में सफेद आटे जैसा पाउडर (Copious floury frass) बाहर निकालते हैं तथा अनाज में एक विशेष मीठी-सी बासी गंध पैदा करते हैं।
(4) दालों का भृंग / धोरा (Pulse Beetle / Dhora — Callosobruchus chinensis एवं C. maculatus)
- कुल एवं गण: Bruchidae (Chrysomelidae : Bruchinae) : Coleoptera | श्रेणी: प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक तथा खेत-से-गोदाम (Field-to-Storage) कीट।
- परपोषी: सभी साबुत दालें—चना, मूँग, उड़द, अरहर, लोबिया, मटर और मसूर (दली हुई दाल/Split dal पर इसका प्रकोप कम होता है)।
- पहचान एवं जीवविज्ञान:
- वयस्क भृंग छोटा (3–4 mm), भूरे रंग का, पीछे से चौड़ा और आगे से संकरा होता है। इसके अग्रपंख (Elytra) छोटे होते हैं और उदर के अंतिम खंड ‘पाइजीडियम’ (Pygidium) को पूरा नहीं ढक पाते। नर में श्रृंगिकाएँ कंघीनुमा (Pectinate) और मादा में आरीनुमा (Serrate) होती हैं।
- मादा भृंग प्रत्येक दाल के दाने की बाहरी चिकनी सतह (Testa) पर गोंद से चिपकाकर सफेद-पीले बिंदु जैसे अंडे (White oval scale-like eggs glued on seed coat) देती है, जो नग्न आँखों से साफ दिखते हैं।
- अंडे से निकला ग्रब अंडे के निचले हिस्से से सीधे दाने के अंदर घुस जाता है, अंदर का बीजपत्र खाता है और निकलने से पहले बीज चोल के नीचे एक पारदर्शी गोलाकार खिड़की (Circular window) बनाता है। अंततः वयस्क भृंग गोल ढक्कन काटकर सटीक गोल निकास छिद्र (Neat circular exit hole) बनाकर बाहर निकल आता है।
- क्षति की प्रकृति: खपड़ा भृंग की तरह धोरा का वयस्क भृंग भी कुछ नहीं खाता (Adult does not feed on grains); संपूर्ण क्षति केवल दाने के अंदर रहने वाले ग्रब द्वारा की जाती है।
(5) आटे का लाल भृंग / सुसरी (Red Flour Beetle — Tribolium castaneum एवं T. confusum)
- कुल एवं गण: Tenebrionidae : Coleoptera | श्रेणी: द्वितीयक एवं बाह्य भक्षक (Secondary & External feeder)।
- परपोषी: पिसा हुआ आटा (Atta), मैदा, सूजी, दलिया, बिस्कुट, सूखे मेवे तथा टूटे हुए अनाज के दाने।
- पहचान एवं क्षति: वयस्क चपटा, लाल-भूरा (3–4 mm) भृंग होता है। इसके ग्रब और वयस्क दोनों आटे को खाते हैं। भारी प्रकोप में इसकी गंध-ग्रंथियों से निकलने वाले ‘बेंजोक्विनोन’ (Benzoquinones) रसायन के कारण आटे का रंग गुलाबी-भूरा पड़ जाता है, उसमें तीखी सड़ी हुई दुर्गंध आती है और आटे की रोटी बनाने की क्षमता (Gluten baking quality) नष्ट हो जाती है।
(6) अंगोमोइस अनाज शलभ (Angoumois Grain Moth — Sitotroga cerealella)
- कुल एवं गण: Gelechiidae : Lepidoptera | श्रेणी: प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक तथा खेत-से-गोदाम (Field-to-Storage) कीट।
- परपोषी: धान (विशेषकर छिलका-युक्त धान/Paddy), गेहूँ, मक्का, ज्वार और जौ।
- पहचान एवं क्षति: वयस्क छोटा, चमकीला पीला-भूरा (Buff/straw-colored) पतंगा होता है जिसके पश्च पंखों का बाहरी सिरा सुई की नोक की तरह नुकीला (Pointed apical tip of hindwings with long fringe of hairs) होता है। इसकी केवल इल्ली (Larva) दाने के अंदर घुसकर भ्रूणपोष खाती है और बाहर निकलने से पहले दाने के छिलके पर एक सूक्ष्म ‘ट्रैप-डोर / गोल खिड़की’ (Circular trap-door flap) छोड़ती है जिसे धकेलकर वयस्क पतंगा बाहर निकलता है। यह गोदाम में रखे अनाज के केवल ऊपरी 30 cm परत को ही सर्वाधिक नुकसान पहुँचाती है।
(7) चावल का शलभ (Rice Moth — Corcyra cephalonica)
- कुल एवं गण: Pyralidae (Galleriinae) : Lepidoptera | श्रेणी: बाह्य भक्षक (External feeder)।
- परपोषी: चावल, ज्वार, मक्का, मूँगफली, सूजी, आटा और सूखे मेवे।
- पहचान एवं क्षति: इसकी मटमैली सफेद इल्ली अपने मुख से रेशमी धागे निकालकर अनाज के दानों, टूटे टुकड़ों और अपनी विष्ठा को आपस में बुनकर बड़े-बड़े जाले या ढेले (Dense silken webbing / clumping of grains) बना देती है! (विशेष लाभदायक तथ्य: इसी Corcyra cephalonica के अंडों का उपयोग प्रयोगशालाओं में अंड-परजीवी Trichogramma और परभक्षी Chrysoperla के व्यावसायिक संवर्धन के लिए ‘वैकल्पिक प्रयोगशाला परपोषी / Factitious host’ के रूप में किया जाता है!)
(8) अन्य महत्वपूर्ण भंडारण कीट (Other Important Storage Pests)
- आरी-दंत अनाज भृंग (Saw-toothed Grain Beetle — Oryzaephilus surinamensis; कुल Silvanidae): द्वितीयक व बाह्य भक्षक; इसके वक्ष (Prothorax) के दोनों किनारों पर आरी के समान 6-6 नुकीले दाँत (Six saw-like projections on each side of thorax) होते हैं।
- मूँगफली / इमली का ब्रूकिड (Groundnut / Tamarind Bruchid — Caryedon serratus; कुल Bruchidae): मूँगफली की साबुत फलियों (Pods) और इमली का सबसे प्रमुख प्राथमिक भंडारण कीट; इसका लार्वा फली के बाहर आकर कागज जैसा सफेद कोकून बनाता है।
- आलू का कंद शलभ (Potato Tuber Moth – PTM — Phthorimaea operculella; कुल Gelechiidae): खेत और देशी भंडारगृहों दोनों में आलू के कंदों में सुरंग बनाकर काली विष्ठा भरने वाला प्रमुख कीट।
- सिगरेट भृंग (Cigarette Beetle — Lasioderma serricorne) एवं ड्रग स्टोर भृंग (Stegobium paniceum; कुल Anobiidae): भंडारित तंबाकू, हल्दी, धनिया, जीरा और अदरक के प्रमुख छेदक भृंग।
06 प्रकार एवं वैज्ञानिक वर्गीकरण (Types and Classification)
1. प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक (Primary Internal Feeders)
- चावल का सूँड घुन: Sitophilus oryzae (Curculionidae — ग्रब + वयस्क दोनों भक्षक)
- छोटा अनाज छेदक: Rhyzopertha dominica (Bostrichidae — ग्रब + वयस्क दोनों भक्षक)
- दालों का धोरा/ब्रूकिड: Callosobruchus chinensis (Bruchidae — केवल ग्रब भक्षक)
- अंगोमोइस अनाज शलभ: Sitotroga cerealella (Gelechiidae — केवल इल्ली भक्षक)
- मूँगफली ब्रूकिड: Caryedon serratus (Bruchidae — केवल ग्रब भक्षक)
2. प्राथमिक किंतु बाह्य भक्षक (Primary External Feeder)
- खपड़ा भृंग: Trogoderma granarium (Dermestidae — साबुत गेहूँ को बाहर से भ्रूण बिंदु से खाता है; केवल ग्रब भक्षक, वयस्क अभक्षक)
3. द्वितीयक एवं बाह्य भक्षक (Secondary External Feeders)
- आटे का लाल भृंग: Tribolium castaneum (Tenebrionidae — ग्रब + वयस्क)
- आरी-दंत भृंग: Oryzaephilus surinamensis (Silvanidae — ग्रब + वयस्क)
- चावल का शलभ: Corcyra cephalonica (Pyralidae — केवल इल्ली भक्षक, जाले बनाना)
07 महत्वपूर्ण सिद्धांत एवं अवधारणाएँ (Important Principles & Concepts)
भंडारित अनाज कीट पारिस्थितिकी के 3 मूल सिद्धांत:
- दाने की नमी और प्रजनन का सीधा संबंध (Grain Moisture Rule): अधिकांश भंडारण कीटों (विशेषकर Sitophilus oryzae और Tribolium) के प्रजनन और विकास के लिए अनाज में 10–14% नमी और तापमान आदर्श होता है। यदि अनाज को सुखाकर नमी 8–10% से कम कर दी जाए, तो घुन और अधिकांश भृंग प्रजनन नहीं कर पाते; किंतु खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium) और छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha dominica) अपवाद हैं जो अत्यंत सूखे अनाज ( नमी) और गर्मी में भी पनप सकते हैं!
- भक्षक अवस्था का नियम (Feeding Stage Rule):
- लार्वा + वयस्क दोनों खाते हैं: Sitophilus oryzae, Rhyzopertha dominica, Tribolium castaneum, Oryzaephilus surinamensis।
- केवल लार्वा खाता है (वयस्क हानिरहित): Trogoderma granarium, Callosobruchus chinensis, Sitotroga cerealella, Corcyra cephalonica।
- खेत-से-गोदाम संक्रमण (Field-to-Storage Infestation): दलहनी फसलों में ब्रूकिड (Callosobruchus) और धान/मक्का में अंगोमोइस शलभ (Sitotroga) के अंडे खेत से ही दानों पर लगकर आते हैं, जिन्हें गोदाम में रखने से पहले धूप में सुखाकर या सौरीकरण (Solarization) द्वारा नष्ट करना अनिवार्य है।
08 वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक उदाहरण व केस स्टडी (Scientific & Practical Examples)
व्यावहारिक पहचान केस स्टडी: गोदाम के अनाज के नमूने को देखकर कीट की तुरंत पहचान कैसे करें?
- केस 1 (साबुत मूँग/चने के दानों पर सफेद सूक्ष्म बिंदु और गोल निकास छिद्र): यह 100% दालों का भृंग / धोरा (Callosobruchus chinensis) है। सफेद बिंदु इसके चिपके हुए अंडे हैं और गोल छेद से वयस्क बाहर निकला है।
- केस 2 (गेहूँ के ढेर के ऊपरी हिस्से में भूरे रोएँदार लार्वा और हजारों पारदर्शी केंचुलियाँ / Cast skins): यह खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium) है जो दाने के भ्रूण को खाकर पाउडर बना रहा है।
- केस 3 (चावल या ज्वार के दाने रेशमी धागों से आपस में चिपककर गुच्छे/ढेले बन गए हैं): यह चावल का शलभ (Corcyra cephalonica) है जिसकी इल्ली जाले बनाती है।
- केस 4 (गेहूँ के दानों में अनियमित छेद, भारी मात्रा में सफेद आटे जैसा पाउडर और सिर झुका हुआ बेलनाकार भृंग): यह छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha dominica) है।
09 तुलनात्मक सारणियाँ (Comparative Tables)
सारणी 29.1: भंडारित अनाज के प्रमुख नाशीकीटों की मास्टर तुलनात्मक तालिका
| क्र.सं. | सामान्य नाम (Common Name) | वैज्ञानिक नाम (Scientific Name) | कुल एवं गण (Family & Order) | श्रेणी (Primary/Secondary & Internal/External) | क्षति करने वाली अवस्था एवं विशिष्ट लक्षण |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | चावल का सूँड घुन (Rice Weevil) | Sitophilus oryzae | Curculionidae : Coleoptera | प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक | ग्रब + वयस्क दोनों; लंबी सूँड (Rostrum), पंखों पर 4 पीले धब्बे, दाने को अंदर से खोखला करना। |
| 2 | खपड़ा भृंग (Khapra Beetle) | Trogoderma granarium | Dermestidae : Coleoptera | प्राथमिक एवं बाह्य भक्षक | केवल ग्रब (वयस्क अभक्षक); भ्रूण खाना, केंचुलियों (Cast skins) का ढेर, 3–5 वर्ष भुखमरी सहनशीलता, संगरोध कीट। |
| 3 | छोटा अनाज छेदक (Lesser Grain Borer) | Rhyzopertha dominica | Bostrichidae : Coleoptera | प्राथमिक एवं आंतरिक/बाह्य | ग्रब + वयस्क दोनों; नीचे झुका सिर (Deflexed head), भारी मात्रा में आटे जैसा पाउडर (Frass) निकालना। |
| 4 | दालों का धोरा / ब्रूकिड (Pulse Beetle) | Callosobruchus chinensis / C. maculatus | Bruchidae : Coleoptera | प्राथमिक एवं आंतरिक (खेत-से-गोदाम) | केवल ग्रब (वयस्क अभक्षक); दाल के दाने पर चिपके सफेद अंडे व सटीक गोल निकास छिद्र। |
| 5 | आटे का लाल भृंग (Red Flour Beetle) | Tribolium castaneum | Tenebrionidae : Coleoptera | द्वितीयक एवं बाह्य भक्षक | ग्रब + वयस्क दोनों; आटे/मैदा में बेंजोक्विनोन स्राव से लालिमा व तीखी दुर्गंध पैदा करना। |
| 6 | आरी-दंत अनाज भृंग (Saw-toothed Beetle) | Oryzaephilus surinamensis | Silvanidae : Coleoptera | द्वितीयक एवं बाह्य भक्षक | ग्रब + वयस्क दोनों; वक्ष के दोनों किनारों पर आरी जैसे 6-6 दाँत। |
| 7 | अंगोमोइस अनाज शलभ (Angoumois Moth) | Sitotroga cerealella | Gelechiidae : Lepidoptera | प्राथमिक एवं आंतरिक (खेत-से-गोदाम) | केवल इल्ली; पश्च पंख का सिरा सुई जैसा नुकीला, दाने पर गोल ट्रैप-डोर खिड़की। |
| 8 | चावल का शलभ (Rice Moth) | Corcyra cephalonica | Pyralidae : Lepidoptera | द्वितीयक एवं बाह्य भक्षक | केवल इल्ली; रेशमी धागों से दानों को बुनकर जाले/ढेले (Webbing) बनाना; प्रयोगशाला परपोषी। |
| 9 | मूँगफली / इमली ब्रूकिड | Caryedon serratus | Bruchidae : Coleoptera | प्राथमिक एवं आंतरिक भक्षक | केवल ग्रब; मूँगफली की साबुत फलियों और इमली में छेद व कागजी कोकून। |
| 10 | आलू का कंद शलभ (Potato Tuber Moth) | Phthorimaea operculella | Gelechiidae : Lepidoptera | प्राथमिक (खेत-से-गोदाम) | केवल इल्ली; आलू के कंदों में सुरंग बनाकर काली विष्ठा भरना। |
10 महत्वपूर्ण सूत्र एवं गणितीय गणनाएँ (Formulas and Calculations)
1. भंडारित अनाज में कीट-क्षति एवं भार हानि गणना सूत्र (Grain Damage & Weight Loss Formulas)
(A) क्षतिग्रस्त दानों का प्रतिशत (Percentage Damaged / Bored Grains):
(B) एडम्स एवं शुल्टेन की ‘गणना एवं भार विधि’ द्वारा वास्तविक भार हानि प्रतिशत (Count and Weigh Method for Weight Loss %):
जहाँ: = अ-क्षतिग्रस्त (स्वस्थ) दानों की संख्या, = अ-क्षतिग्रस्त दानों का भार (g), = क्षतिग्रस्त दानों की संख्या, और = क्षतिग्रस्त दानों का भार (g)।
उदाहरण (Solved Example): चने के 1000 दानों के नमूने में 800 स्वस्थ दाने हैं जिनका भार है () और 200 ब्रूकिड-क्षतिग्रस्त दाने हैं जिनका भार है ()। क्षतिग्रस्त दानों का प्रतिशत और वास्तविक भार हानि (%) ज्ञात कीजिए।
- क्षतिग्रस्त दाने (%):
- वास्तविक भार हानि (%):
11 लेक्चर माइंड मैप (Lecture-Specific Mind Map)
- चावल का सूँड घुन: Sitophilus oryzae (Curculionidae — ग्रब + वयस्क दोनों भक्षक)
- छोटा अनाज छेदक: Rhyzopertha dominica (Bostrichidae — झुका सिर, आटे जैसा पाउडर)
- दालों का धोरा: Callosobruchus chinensis (Bruchidae — केवल ग्रब भक्षक, खेत-से-गोदाम)
- मूँगफली ब्रूकिड: Caryedon serratus (Bruchidae — साबुत फली छेदक)
- खपड़ा भृंग: Trogoderma granarium (Dermestidae)
- केवल रोएँदार ग्रब खाता है (वयस्क अभक्षक — Non-feeding adult)
- गर्म व शुष्क गोदाम (<8% नमी), दाने का भ्रूण खाना व केंचुलियों का ढेर
- 3–5 वर्ष तक बिना भोजन जीवित रहने की क्षमता व अंतरराष्ट्रीय संगरोध कीट
- आटे का लाल भृंग: Tribolium castaneum (Tenebrionidae)
- ग्रब व वयस्क दोनों पिसे आटे/मैदा व टूटे दानों को खाते हैं
- बेंजोक्विनोन स्राव से आटे में तीखी दुर्गंध व लालपन
- आरी-दंत भृंग: Oryzaephilus surinamensis (Silvanidae — वक्ष पर 6-6 दाँत)
- अंगोमोइस अनाज शलभ: Sitotroga cerealella (Gelechiidae — आंतरिक, नुकीले पंख)
- चावल का शलभ: Corcyra cephalonica (Pyralidae — बाह्य, रेशमी जाले/ढेले बनाना)
- Corcyra के अंडों का Trichogramma संवर्धन में प्रयोगशाला परपोषी उपयोग
- आलू का कंद शलभ: Phthorimaea operculella (Gelechiidae — खेत व भंडार दोनों)
12 प्रक्रिया प्रवाह चित्र एवं आरेख (Flowcharts and Diagrams)
13 परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य एवं टिप्स (Important Facts & Exam Tips)
- खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium — कुल Dermestidae) और दालों के ब्रूकिड (Callosobruchus chinensis — कुल Bruchidae) के वयस्क भृंग अनाज बिल्कुल नहीं खाते; इनमें संपूर्ण क्षति केवल लार्वा (Grub) अवस्था द्वारा की जाती है!
- चावल का सूँड घुन (Sitophilus oryzae), छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha dominica) और आटे का लाल भृंग (Tribolium castaneum) में ग्रब (लार्वा) और वयस्क दोनों अवस्थाएँ अनाज खाती हैं।
- खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium) एक ‘प्राथमिक किंतु बाह्य भक्षक’ (Primary External Feeder) है और इसका लार्वा प्रतिकूल स्थिति में बिना भोजन के 3 से 5 वर्षों तक प्रसुप्ति (Diapause) में जीवित रह सकता है।
- चावल के शलभ (Corcyra cephalonica — कुल Pyralidae) की इल्ली रेशमी धागों से अनाज के दानों को बुनकर ढेले/जाले बना देती है; इसके अंडों का उपयोग प्रयोगशाला में Trichogramma के उत्पादन हेतु किया जाता है।
- दालों का भृंग (Callosobruchus), अंगोमोइस अनाज शलभ (Sitotroga cerealella) और आलू का कंद शलभ (Phthorimaea operculella) ‘खेत-से-गोदाम’ (Field-to-Storage) में आने वाले प्रमुख कीट हैं।
14 त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary)
त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary):
- प्राथमिक आंतरिक भक्षक: Sitophilus oryzae (Curculionidae), Rhyzopertha dominica (Bostrichidae), Callosobruchus chinensis (Bruchidae), Sitotroga cerealella (Gelechiidae)।
- प्राथमिक बाह्य भक्षक: Trogoderma granarium (Dermestidae — केवल ग्रब भक्षक)।
- द्वितीयक बाह्य भक्षक: Tribolium castaneum (Tenebrionidae), Oryzaephilus surinamensis (Silvanidae), Corcyra cephalonica (Pyralidae)।
- केवल लार्वा भक्षक: Trogoderma, Callosobruchus, Sitotroga, Corcyra।
- लार्वा + वयस्क दोनों भक्षक: Sitophilus, Rhyzopertha, Tribolium, Oryzaephilus।
15 बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तरी — 10 MCQs (With Answers & Explanations)
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16 संपूर्ण परीक्षा प्रश्न बैंक (One-Liners, VSA, SA & Long Answer Questions)
(A) 5 महत्वपूर्ण वन-लाइनर तथ्य (5 Important One-Liners)
- चावल के सूँड घुन (Sitophilus oryzae — Curculionidae) के सिर पर लंबी सूँड (Rostrum) और अग्रपंखों पर 4 हल्के लाल-पीले धब्बे होते हैं।
- खपड़ा भृंग (Trogoderma granarium — Dermestidae) और दालों के ब्रूकिड (Callosobruchus chinensis — Bruchidae) में केवल ग्रब अवस्था ही अनाज खाती है, वयस्क कुछ नहीं खाते।
- छोटा अनाज छेदक (Rhyzopertha dominica — Bostrichidae) का सिर नीचे की ओर झुका होता है और यह भारी मात्रा में आटे जैसा चूर्ण (Frass) निकालता है।
- आटे का लाल भृंग (Tribolium castaneum — Tenebrionidae) एक द्वितीयक बाह्य भक्षक है जो बेंजोक्विनोन स्राव से आटे में दुर्गंध पैदा करता है।
- चावल का शलभ (Corcyra cephalonica — Pyralidae) अनाज में रेशमी जाले (Webbing) बनाता है और इसके अंडे Trichogramma संवर्धन में काम आते हैं।





