ENT 311 Lecture 22: नींबूवर्गीय फलों (Citrus) के प्रमुख नाशीकीट: सिट्रस साइला, सिट्रस कैटरपिलर एवं छाल भक्षी इल्ली

ENT 311 · Pest Management in Crops and Stored Grains — Final Notes
विषय सूची · Quick Navigation
02 अध्ययन उद्देश्य (Learning Objectives)03 प्रस्तावना एवं विषय प्रवेश (Introduction)04 प्रमुख वैज्ञानिक परिभाषाएँ (Important Definitions)05 विस्तृत विषय व्याख्या (Detailed Topic Explanation)06 प्रकार एवं वैज्ञानिक वर्गीकरण (Types and Classification)07 महत्वपूर्ण सिद्धांत एवं अवधारणाएँ (Important Principles & Concepts)08 वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक उदाहरण व केस स्टडी (Scientific & Practical Examples)09 तुलनात्मक सारणियाँ (Comparative Tables)10 महत्वपूर्ण सूत्र एवं गणितीय गणनाएँ (Formulas and Calculations)11 लेक्चर माइंड मैप (Lecture-Specific Mind Map)12 प्रक्रिया प्रवाह चित्र एवं आरेख (Flowcharts and Diagrams)13 परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य एवं टिप्स (Important Facts & Exam Tips)14 त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary)15 बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तरी — 10 MCQs (With Answers & Explanations)16 संपूर्ण परीक्षा प्रश्न बैंक (One-Liners, VSA, SA & Long Answer Questions)Lecture 22: नींबूवर्गीय फलों (Citrus) के प्रमुख नाशीकीट: सिट्रस साइला, सिट्रस कैटरपिलर एवं छाल भक्षी इल्ली
चित्रमय कीट पहचान एवं क्षति आरेख (Visual Identification — Lecture 22)
नींबू का साइला (Diaphorina citri — 45° कोण व ग्रीनिंग वाहक), नींबू की तितली (Papilio demoleus — चिड़िया की बीट अनुहरण व ऑस्मेटेरियम) एवं छाल भक्षक इल्ली
02 अध्ययन उद्देश्य (Learning Objectives)
इस व्याख्यान के अध्ययन के पश्चात विद्यार्थी सक्षम होंगे:
- नींबूवर्गीय फलों (नींबू, संतरा, किन्नू, मौसमी — Citrus spp.) के सबसे खतरनाक नाशीकीट ‘सिट्रस साइला’ (Asian Citrus Psyllid — Diaphorina citri; कुल Psyllidae/Liviidae, गण Hemiptera) की पत्ती पर 45° के कोण पर बैठने की मुद्रा, मोमी स्राव और असाध्य ‘सिट्रस ग्रीनिंग / हुआंगलॉन्गबिंग (HLB)’ जीवाणु रोग के वाहक रूप में भूमिका व प्रबंधन को समझना।
- नींबू की तितली / सिट्रस कैटरपिलर (Citrus / Lemon Butterfly — Papilio demoleus; कुल Papilionidae, गण Lepidoptera) की प्रारंभिक इल्ली के ‘पक्षी की बीट’ (Bird-dropping mimicry) जैसे छद्मावरण और सिर के पीछे से निकलने वाले लाल दोमुँहे सुगंधित रक्षा अंग ‘ओस्मेटेरियम’ (Osmeterium) का अध्ययन करना।
- छाल भक्षी इल्ली (Bark-Eating Caterpillar — Indarbela quadrinotata एवं I. tetraonis; कुल Metarbelidae, गण Lepidoptera) द्वारा तने के जोड़ों (Forks) पर सुरंग बनाने, लकड़ी के बुरादे व विष्ठा की रेशमी पट्टियाँ (Silken ribbons of frass) लटकाने और सुरंग में कीटनाशक की रुई ठूँसकर नियंत्रण करने की विधि को जानना।
- नींबू के फल चूसक पतंगे (Fruit Sucking Moth — Eudocima [Othreis] fullonia — एकमात्र वयस्क पतंगा जो फलों में छेद करता है!) और सिट्रस लीफ माइनर (Phyllocnistis citrella — सिट्रस कैंकर सहायक) को कंठस्थ करना।
03 प्रस्तावना एवं विषय प्रवेश (Introduction)
मूल सामग्री (Core Course Content): नींबूवर्गीय फलों (Citrus — किन्नू, संतरा, मौसमी व कागजी नींबू) के बागों में भारत में देखी जाने वाली ‘सिट्रस डिक्लाइन / डाइबैक’ (Citrus Decline — पेड़ों का ऊपर से नीचे की ओर सूखना) की समस्या में सबसे बड़ा हाथ नाशीकीटों का है। इनमें ‘सिट्रस साइला’ (Diaphorina citri) नई फूटती कोपलों (Flush) का रस चूसने के साथ-साथ फ्लोएम-सीमित जीवाणु Candidatus Liberibacter asiaticus को फैलाता है जिससे असाध्य ‘सिट्रस ग्रीनिंग रोग’ (HLB) हो जाता है।
नर्सरी और युवा पौधों में ‘नींबू की तितली’ (Papilio demoleus) पत्तियों को खाकर पौधे को ठूँठ बना देती है; जबकि पुराने और उपेक्षित बागों में ‘छाल भक्षी इल्ली’ (Indarbela quadrinotata) तने की छाल खाकर संवहन तंत्र काट देती है।
04 प्रमुख वैज्ञानिक परिभाषाएँ (Important Definitions)
05 विस्तृत विषय व्याख्या (Detailed Topic Explanation)
1. सिट्रस साइला (Asian Citrus Psylla — Diaphorina citri)
- वैज्ञानिक नाम, कुल एवं गण: Diaphorina citri | कुल: Psyllidae (Liviidae) | गण: Hemiptera। (वैकल्पिक परपोषी: मीठा नीम / करी पत्ता Murraya koenigii एवं कामिनी Murraya paniculata)।
- पहचान एवं जीवविज्ञान:
- वयस्क: 3–4 mm लंबा भूरे-मटमैले रंग का फुदकने वाला कीट जिसके पंखों पर भूरे धब्बे होते हैं और जो पत्ती पर 45° के कोण पर दुम उठाकर बैठता है।
- अंडा एवं शिशु: मादा बसंत (फरवरी-मार्च) और बरसात (जुलाई-अगस्त) में नई फूटती हुई कोमल पत्तियों की तहों (Half-folded flush leaves) में बादाम के आकार के नारंगी-पीले अंडे देती है। चपटे नारंगी शिशु (Nymphs) गुच्छे में बैठकर रस चूसते हैं और अपने उदर से सफेद मोमी धागे/गोलियाँ (White waxy tubules) निकालते हैं।
- क्षति की प्रकृति (ETL: 5–6 शिशु प्रति नई कोपल/Flush):
- शिशु और वयस्क नई कोपलों, पत्तियों और फूलों की कलियों से रस चूसते हैं तथा विषैली लार छोड़ते हैं जिससे कोपलें मुरझाकर सूख जाती हैं और फल नहीं बनते।
- सिट्रस ग्रीनिंग रोग (HLB) का वाहक: यह फ्लोएम जीवाणु Candidatus Liberibacter asiaticus को फैलाता है जिससे पत्तियों में असममित पीलापन (Blotchy mottle), फलों का छोटा व नीचे से हरा रह जाना और पूरे पेड़ का सूखना (Dieback) हो जाता है।
- सिट्रस साइला का प्रबंधन:
- सस्य एवं संगरोध उपाय: रोग-मुक्त प्रमाणित कलमी पौधे लगाना; नींबू के बाग के पास कामिनी (Murraya paniculata) की हेज न लगाना; तथा सूखी टहनियों की छँटाई।
- जैविक नियंत्रण: विशिष्ट बाह्य-परजीवी ततैया Tamarixia radiata (Eulophidae) और परभक्षी लेडीबर्ड भृंग (Coccinella) व क्राइसोपर्ला का संरक्षण।
- रासायनिक नियंत्रण (फरवरी-मार्च एवं जुलाई-अगस्त में नई कोपलें फूटते समय):
• इमिडाक्लोप्रिड 17.8% SL (@ 0.5 mL/L पानी) या थायोमेथोक्साम 25% WG (@ 0.3 g/L) या डाइमेथोएट 30% EC (@ 1.5–2.0 mL/L) या क्विनालफॉस 25% EC (@ 1.5 mL/L) का छिड़काव।
2. नींबू की तितली / सिट्रस कैटरपिलर (Citrus / Lemon Butterfly — Papilio demoleus)
- वैज्ञानिक नाम, कुल एवं गण: Papilio demoleus | कुल: Papilionidae (Swallowtail butterflies) | गण: Lepidoptera। (अन्य परपोषी: बेल पत्र Aegle marmelos, करी पत्ता, बावची)।
- पहचान एवं जीवविज्ञान:
- वयस्क तितली: काले और पीले धब्बों वाली बड़ी सुंदर तितली जिसके पिछले पंखों पर ईंट जैसा लाल और नीला गोल निशान (Eye spot) होता है (इस प्रजाति के पिछले पंखों में पूँछ/Tail नहीं होती)।
- इल्ली की दो रूपीय अवस्थाएँ (Dimorphic Larval Stages):
• प्रारंभिक अवस्था (1st to 3rd instar): गहरे भूरे-काले रंग की काँटेदार इल्ली जिसकी पीठ के बीच में दूधिया सफेद धब्बा होता है—यह बिल्कुल ‘पक्षी की बीट’ (Bird’s dropping) जैसी दिखती है जिससे पक्षी इसे नहीं खाते!
• अंतिम अवस्था (4th to 5th instar): मोटी चमकीली मखमली हरे रंग की इल्ली (Green caterpillar) जो पत्तियों में छुप जाती है। छूने पर यह अपने सिर के पीछे से लाल रंग का ‘Y’ आकार का बदबूदार अंग ‘ओस्मेटेरियम’ (Osmeterium) बाहर निकालती है। - प्यूपा (Chrysalis): टहनी से रेशमी कमरबंद (Silken girdle) के सहारे सीधा बंधा रहता है।
- क्षति की प्रकृति एवं प्रबंधन: इल्लियाँ नर्सरी और छोटे पौधों की कोमल व पुरानी सभी पत्तियों को किनारों से चबाकर खा जाती हैं और केवल मध्य शिरा छोड़ती हैं जिससे पौधा पूरी तरह पर्णविहीन (Defoliated) हो जाता है।
प्रबंधन: (1) नर्सरी व छोटे पौधों से बीट जैसी इल्लियों को हाथ से चुनकर केरोसिन पानी में डालना; (2) परजीवी Trichogramma evanescens व Brachymeria तथा Bacillus thuringiensis (Bt @ 1–1.5 g/L पानी) या NSKE 5% का स्प्रे; और (3) अधिक प्रकोप पर क्लोरेंट्रानिलीप्रोल 18.5% SC (@ 0.3 mL/L) या क्विनालफॉस 25% EC (@ 1.5 mL/L) या साइपरमेथ्रिन (@ 1 mL/L) का छिड़काव।
3. छाल भक्षी इल्ली (Bark-Eating Caterpillar — Indarbela quadrinotata & I. tetraonis)
- वैज्ञानिक नाम, कुल एवं गण: Indarbela quadrinotata एवं Indarbela tetraonis | कुल: Metarbelidae (Cossidae) | गण: Lepidoptera। (अत्यंत बहुभक्षी: नींबू, अमरूद, आम, अनार, बेर, आँवला, जामुन, लीची व वानिकी वृक्ष)।
- पहचान एवं एकवर्षीय जीवन चक्र:
- मई-जून में मादा पतंगा पेड़ की छाल की दरारों में 15–25 के समूह में अंडे देती है। गुलाबी-भूरे रंग की मजबूत इल्ली जून से अगले मार्च-अप्रैल तक (9–10 महीने) सक्रिय रहती है (वर्ष में केवल 1 पीढ़ी)।
- इल्ली पेड़ की दो मुख्य शाखाओं के जोड़ (Fork / Crotch of branches) पर तने की लकड़ी के अंदर 15–25 cm गहरी सुरंग बनाती है जिसमें वह दिन भर छिपी रहती है।
- क्षति के विशिष्ट लक्षण:
- रात में इल्ली अपनी सुरंग से बाहर निकलती है और छाल के ऊपर लकड़ी के चबाए हुए बुरादे और अपनी विष्ठा (Excreta pellets) को रेशमी धागों से बुनकर लंबी टेढ़ी-मेढ़ी भूरी पट्टियाँ / रिबन (Ribbon-like silken galleries of frass) बना लेती है और उनके नीचे सुरक्षित रहकर तने की जीवित छाल (Phloem/Cambium) को खाती है।
- परिणामस्वरूप उस शाखा में जल और पोषक तत्वों का प्रवाह रुक जाता है और पूरी शाखा फल सहित सूखकर मर जाती है।
- छाल भक्षी इल्ली का अचूक यांत्रिक एवं रासायनिक प्रबंधन:
- जाले साफ करना: सितंबर-फरवरी के दौरान पेड़ के तनों और जोड़ों से लकड़ी के बुरादे की रेशमी पट्टियों को चाकू या लोहे के ब्रश से खुरचकर साफ करें।
- सुरंग में तार या कीटनाशक रुई ठूँसना (Spot Hole Treatment — सबसे प्रभावी!): जाला हटाने पर शाखा के जोड़ पर दिखने वाले गोल छेद में लोहे की पतली सलाई/तार घुसाकर अंदर बैठी इल्ली को मार दें; अथवा एक सीरिंज (Syringe) से क्लोरपायरीफॉस 20% EC () या डाइक्लोरवॉस () या केरोसिन/पेट्रोल का घोल छेद में डालें या घोल में डूबी रुई का फाहा छेद में ठूँसकर ऊपर से गीली चिकनी मिट्टी (Wet mud) से छेद को बंद कर दें—अंदर की इल्ली धूम्रन व संपर्क से तुरंत मर जाती है!
06 प्रकार एवं वैज्ञानिक वर्गीकरण (Types and Classification)
नींबूवर्गीय फलों के दो अन्य अति-महत्वपूर्ण नाशीकीट (Exam Favorites!):
- 1. सिट्रस लीफ माइनर (Citrus Leaf Miner — Phyllocnistis citrella; Gracillariidae, Lepidoptera): सूक्ष्म इल्ली नई पत्तियों की बाह्य त्वचा के नीचे चाँदी जैसी चमकदार टेढ़ी-मेढ़ी सुरंग (Silvery serpentine mines) बनाती है जिससे पत्तियाँ मुड़ जाती हैं और इसके घावों से जीवाणु Xanthomonas citri प्रवेश कर भयानक ‘सिट्रस कैंकर रोग’ (Citrus Canker) फैलाता है!
- 2. फल चूसक पतंगा (Fruit Sucking Moth — Eudocima [Othreis] fullonia, E. materna & Achaea janata; Erebidae/Noctuidae, Lepidoptera): इसकी इल्लियाँ नींबू पर न पलकर जंगली बेल Tinospora cordifolia (गिलोय) व Cocculus पर पलती हैं, किंतु रात में उड़ने वाला वयस्क पतंगा अपनी आरी जैसी सूँड से पकते संतरे/मौसमी में छेद कर रस चूसता है जिससे फल सड़कर गिर जाते हैं! नियंत्रण: बाग से गिलोय बेल हटाना, फलों की बैगिंग, बाग में धुआँ करना, प्रकाश पाश और गुड़+सिरका+मैलाथियान विष-चारा।
07 महत्वपूर्ण सिद्धांत एवं अवधारणाएँ (Important Principles & Concepts)
- ‘वयस्क-हानिकारक लेपिडोप्टेरा अपवाद’ का सिद्धांत (Principle of Adult-Damaging Lepidopteran Exception): कीट विज्ञान का सामान्य नियम है कि Lepidoptera गण में केवल लार्वा (Caterpillar) ही फसलों को नुकसान पहुँचाता है, किंतु फल चूसक पतंगा (Eudocima fullonia) इस नियम का एकमात्र प्रमुख अपवाद है जहाँ लार्वा जंगली खरपतवार (गिलोय) पर पलता है और वयस्क पतंगा फलों में छेद कर नुकसान पहुँचाता है!
08 वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक उदाहरण व केस स्टडी (Scientific & Practical Examples)
क्षेत्रीय निदान उदाहरण: नींबू के पेड़ पर ‘सिट्रस साइला’ और ‘सिट्रस लीफ माइनर’ के लक्षणों में अंतर
1. यदि नई कोपलों पर छोटे भूरे कीट 45° के कोण पर दुम उठाकर बैठे दिखें, सफेद मोमी धागे हों और कोपलें सूख रही हों यह सिट्रस साइला (Diaphorina citri — Hemiptera) है।
2. यदि नई कोमल पत्तियों के अंदर चाँदी जैसी चमकदार टेढ़ी-मेढ़ी साँप जैसी सुरंगें (Silvery mines) बनी हों, पत्ती मुड़ी हो और साथ में खुरदरे भूरे छाले (सिट्रस कैंकर) दिख रहे हों यह सिट्रस लीफ माइनर (Phyllocnistis citrella — Lepidoptera) है।
09 तुलनात्मक सारणियाँ (Comparative Tables)
तुलनात्मक सारणी 22.1: सिट्रस साइला, नींबू की तितली, छाल भक्षी इल्ली एवं फल चूसक पतंगे की मास्टर तुलना
| नाशीकीट का नाम | वैज्ञानिक नाम एवं कुल | हानिकारक अवस्था एवं अद्वितीय पहचान | विशिष्ट क्षति एवं रोग संबंध | प्रमुख प्रबंधन उपाय |
|---|---|---|---|---|
| 1. सिट्रस साइला | Diaphorina citri (Psyllidae : Hemiptera) | शिशु व वयस्क; 45° कोण पर बैठना | कोपल सूखना + ‘सिट्रस ग्रीनिंग (HLB)’ जीवाणु रोग का वाहक | परजीवी Tamarixia radiata, इमिडाक्लोप्रिड (0.5 mL/L) |
| 2. नींबू की तितली | Papilio demoleus (Papilionidae : Lepidoptera) | इल्ली; पक्षी की बीट जैसी + ‘ओस्मेटेरियम’ ग्रंथि | नर्सरी व छोटे पौधों की पत्तियों का पूर्ण भक्षण (Defoliation) | इल्ली चुनकर मारना, Bt (1 g/L), Coragen / क्विनालफॉस |
| 3. छाल भक्षी इल्ली | Indarbela quadrinotata (Metarbelidae : Lepidoptera) | इल्ली; शाखा के जोड़ में सुरंग व रेशमी विष्ठा पट्टी | छाल खाने से संवहन रुकना व शाखा का सूखना | जाला हटाकर छेद में क्लोरपायरीफॉस/केरोसिन डालकर मिट्टी से बंद करना |
| 4. सिट्रस लीफ माइनर | Phyllocnistis citrella (Gracillariidae : Lepidoptera) | सूक्ष्म इल्ली; पत्ती में चाँदी जैसी सर्पिलाकार सुरंग | पत्ती मुड़ना + ‘सिट्रस कैंकर’ जीवाणु रोग को बढ़ावा | NSKE 5%, इमिडाक्लोप्रिड या एबामेक्टिन स्प्रे |
| 5. फल चूसक पतंगा | Eudocima (Othreis) fullonia (Erebidae : Lepidoptera) | केवल वयस्क पतंगा! (इल्ली गिलोय बेल पर पलती है) | रात में पकते संतरे में सूँड से पिन जैसा छेद कर रस चूसना | बाग से गिलोय बेल हटाना, धुआँ करना, फ्रूट बैगिंग व विष-चारा |
10 महत्वपूर्ण सूत्र एवं गणितीय गणनाएँ (Formulas and Calculations)
नींबूवर्गीय फलों में नाशीकीट प्रबंधन के मानक मापदंड
- 1. सिट्रस साइला का आर्थिक दहलीज स्तर (ETL):
- 2. छाल भक्षी इल्ली के सुरंग उपचार (Spot Hole Treatment) हेतु घोल:
11 लेक्चर माइंड मैप (Lecture-Specific Mind Map)
- कुल: Psyllidae, गण: Hemiptera | 45° के कोण पर बैठता है
- असाध्य ‘सिट्रस ग्रीनिंग (HLB)’ जीवाणु रोग का वाहक
- वैकल्पिक परपोषी: करी पत्ता व कामिनी (Murraya spp.)
- प्रबंधन: परजीवी Tamarixia radiata व इमिडाक्लोप्रिड/थायोमेथोक्साम
- कुल: Papilionidae, गण: Lepidoptera | नर्सरी का मुख्य शत्रु
- छोटी इल्ली ‘पक्षी की बीट’ जैसी दिखती है (Bird-dropping mimicry)
- सिर के पीछे से लाल दोमुँहा बदबूदार अंग ‘ओस्मेटेरियम’ निकालती है
- प्रबंधन: हाथ से चुनना, Bt (1 g/L), NSKE 5%, Coragen
- कुल: Metarbelidae, गण: Lepidoptera | वर्ष में 1 पीढ़ी
- शाखाओं के जोड़ पर सुरंग व लकड़ी-विष्ठा की रेशमी पट्टियाँ
- प्रबंधन: जाला साफ कर छेद में क्लोरपायरीफॉस/केरोसिन की रुई ठूँसकर मिट्टी लगाना
- सिट्रस लीफ माइनर: Phyllocnistis citrella (सिट्रस कैंकर सहायक)
- फल चूसक पतंगा: Eudocima (Othreis) fullonia (Erebidae)
- Eudocima का ‘वयस्क पतंगा’ फलों में छेद करता है (इल्ली गिलोय पर)
12 प्रक्रिया प्रवाह चित्र एवं आरेख (Flowcharts and Diagrams)
13 परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य एवं टिप्स (Important Facts & Exam Tips)
- सिट्रस साइला (Diaphorina citri; कुल Psyllidae) पत्ती पर ’45° के कोण’ पर बैठता है और नींबू के घातक जीवाणु रोग ‘सिट्रस ग्रीनिंग / हुआंगलॉन्गबिंग (HLB)’ का वाहक है।
- नींबू की तितली (Papilio demoleus; कुल Papilionidae) की शुरुआती इल्ली ‘पक्षी की बीट’ (Bird’s dropping) जैसी दिखती है और छूने पर सिर के पीछे से लाल दोमुँहा बदबूदार अंग ‘ओस्मेटेरियम’ (Osmeterium) निकालती है।
- छाल भक्षी इल्ली (Indarbela quadrinotata; कुल Metarbelidae) तने के जोड़ों पर लकड़ी के बुरादे और विष्ठा की रेशमी पट्टियाँ बनाती है।
- सिट्रस लीफ माइनर (Phyllocnistis citrella; कुल Gracillariidae) के द्वारा पत्तियों पर बनाई गई चाँदी जैसी सुरंगों से ‘सिट्रस कैंकर’ (Xanthomonas citri) रोग तेजी से फैलता है।
- फल चूसक पतंगा (Eudocima [Othreis] fullonia) लेपिडोप्टेरा गण का एकमात्र ऐसा प्रमुख नाशीकीट है जिसका ‘वयस्क पतंगा’ अपनी काँटेदार सूँड से पके फलों में छेद कर नुकसान पहुँचाता है और इसकी इल्ली जंगली ‘गिलोय’ (Tinospora) की बेल पर पलती है!
14 त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary)
त्वरित पुनरावृत्ति सारांश (Quick Revision Summary):
- सिट्रस साइला (Diaphorina citri): Psyllidae; 45° कोण मुद्रा; सिट्रस ग्रीनिंग (HLB) वाहक; परजीवी Tamarixia radiata; इमिडाक्लोप्रिड (0.5 mL/L)।
- नींबू की तितली (Papilio demoleus): Papilionidae; पक्षी की बीट जैसी इल्ली + ओस्मेटेरियम अंग; Bt, क्लोरेंट्रानिलीप्रोल।
- छाल भक्षी इल्ली (Indarbela quadrinotata): Metarbelidae; रेशमी विष्ठा पट्टी; छेद में क्लोरपायरीफॉस/केरोसिन डालकर मिट्टी से बंद करना।
- अन्य: लीफ माइनर (Phyllocnistis citrella कैंकर सहायक); फल चूसक पतंगा (Eudocima fullonia वयस्क हानिकारक, इल्ली गिलोय पर)।
15 बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तरी — 10 MCQs (With Answers & Explanations)
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16 संपूर्ण परीक्षा प्रश्न बैंक (One-Liners, VSA, SA & Long Answer Questions)
(A) 5 महत्वपूर्ण वन-लाइनर तथ्य (5 Important One-Liners)
- सिट्रस साइला (Diaphorina citri) पत्ती पर 45° के कोण पर बैठता है और ‘सिट्रस ग्रीनिंग (HLB)’ रोग का वाहक है।
- नींबू की तितली (Papilio demoleus) की छोटी इल्ली पक्षी की बीट जैसी दिखती है और इसमें ‘ओस्मेटेरियम’ (Osmeterium) अंग होता है।
- छाल भक्षी इल्ली (Indarbela quadrinotata) तने के जोड़ों पर सुरंग और विष्ठा की रेशमी पट्टियाँ बनाती है।
- सिट्रस लीफ माइनर (Phyllocnistis citrella) की चाँदी जैसी सुरंगें ‘सिट्रस कैंकर’ रोग के फैलाव में सहायक होती हैं।
- फल चूसक पतंगा (Eudocima fullonia) में इल्ली के बजाय ‘वयस्क पतंगा’ फलों में छेद करता है और इल्ली ‘गिलोय’ की बेल पर पलती है।





